Tanvi Gawde

Name : Tanvi Gawde
Subject : Marathi & Hindi
Std.: VI to X
Education & Qualifications :

In Tanvi Gawde own words (In Hindi) :

मैं श्रीमती तन्वी गावदे छह सालसे एस. ई. इंटरनॅशनल विद्यालय मैं माध्यमिक मैं कार्यरत हू | मैं कक्षा छठी से दसवी तक पढ़ाती हू | मेरे विषय है, ‘मराठी’ और ‘हिन्दी’ |

पहले से ही बच्चो से लगाव होने के कारण मैने इस कार्यक्षेत्र का चुनाव किया | अध्ययन करते समय अध्यापक एक पीढ़ी को संस्कारित करते हैं | वह विद्यथिओ के लिए आदर्श होते हैं, जिनका अनुकरण विद्यथि करते हैं | इसलिए अध्यापक अथवा अध्यापीकाको सुविचारी, संस्कारित तथा सयमि होना आवश्यक हैं |

मैं इस विद्यालय मैं छह सालसे कार्यरत हु | मेरा स्वभाव मूलत: शांत है | बच्चो के साथ घुल – मिल जाना मुझे अच्छा लगता है | बच्चो को विषय अथवा पाठ का ज्ञान देते हुए छोटी-छोटी कहानिया बताना मुझे अच्छा लगता हैं | मुझे स्वय पड़ने की रूचि के कारण मैं वह बात विद्यथिओ को दिल से जगाना चाहती हू |

विद्यथिओ के स्वभाव अलग – अलग होते है, उनको जानना – समझना आवश्यक होता हैं | इसलिए ह्मे हमेशा विध्यथिओ से संवाद करना चाहिए | मुझे आज इस बात का गर्व है की विद्यार्थी मुझे अपनी समस्या तथा निजी बातें बताने में सकोच नही करते | विद्यर्थिओन्के व्यक्तित्व विकास में परिवारिक और सामाजिक वातावरण का अच्छा होना आवश्यक है | कई बार परिवारिक समस्याए विद्यर्थिओन्के विकास मैं बाधा डालती है उस वक्त अध्यापीकाको एक गुरु नही बल्कि ‘माँ’ होना ज़रूरी हैं | मेरे आज तक के कार्यकाल में मैने बहुतसे विद्यर्थिओन्के निजी तथा अध्ययन संबधित समस्याओंका समाधान किया है | आज भी माजी विद्यार्थी किसी शुभ अवसर पर हमें मिलने आते है और हमसे आशीष पाते है | विद्यार्थी जैसे बड़े होते है उनमें शारीरिक तथा मानसिक बदलाव आते है | उन्हें समझना बहुत ज़रूरी होता है | उस वक़्त अध्यापीकाको सयम से काम लेना आवश्यक है |

आज इस श्येत्र में मेरी जमापूजीं है मेरे विद्यार्थी और मेरा मानसिक समाधान |